धरमपुरा रोड के नहीं सुधर रहे हालात, ठेकेदार की मनमानी जारी, पीडब्ल्यूडी अफसर अब भी मौन

जगदलपुर। छत्तीसगढ़ के साथ ही बस्तर के गौरव चित्रकोट तक पहुंचने के लिए जिस धरमपुरा रोड का उपयोग हर दिन सैकड़ों पर्यटक करते हैं, उसके हालात सुधर ही नहीं रहे हैं। बस्तर डायरी के माध्यम से हम लगातार बता रहे हैं कि कैसे धरमपुरा रोड पर चल रहे निर्माण की वजह से राहगीरों की जान पर बन आई है। आए दिन सडक़ पर हादसे हो रहे हैं बावजूद सुरक्षा मानकों और काम करने के तरीके में कोई सुधार नहीं किया जा रहा है। पीडब्ल्यूडी के अफसरों से यहां काम कर रहे ठेकेदार को खुली छूट मिली हुई है। लगातार खबरें आने के बाद भी सडक़ पर सुरक्षा मानकों का कोई ख्याल नहीं रखा जा रहा है।


होश उड़ाने वाली जानकारी का बहुत जल्द करेंगे खुलासा
ऐसी जानकारी निकल कर आ रही है जिससे सभी के होश उड़ जाएंगे। बहुत जल्द हम अपने पाठकों इस बात से भी अवगत कराएंगे कि किस आधार पर पीडब्ल्यूडी ने ठेकेदार को खुली छूट दे दी है। ठेकेदार ने सडक़ को खूनी सडक़ में तब्दील कर दिया है फिर भी अफसर क्यों मौन हैं,विभाग और ठेकेदार के बीच गठजोड़ की कहानी भी बहुत जल्द आप सभी के सामने होगी…कुछ पुख्ता प्रमाण सामने लाकर हम बताएंगे कि कैसे जगदलपुर के लोगों की जान से खिलवाड़ की खुली छूट दी गई है।
साहब टू व्हीलर में दौरा कर आइए सब जान जाएंगे
पीडब्ल्यूडी के अफसरों को सडक़ पर चल रहे काम का जायजा लेने की फुर्सत नहीं है, अगर वे एक बार टू व्हीलर से इस सडक़ से गुजर गए तो आम राहगीरों की पीड़ा समझ जाएंगे। इस सडक़ से पर्यटकों के अलावा यूनिवर्सिटी और कॉलेज जाने वाले युवा भी गुजरते हैं वहीं कई रिहायशी कॉलोनियां भी सडक़ से जुड़ी हुई हैं फिर भी मनमानी पर लगाम नहीं लगाई जा रही है।

छत्तीसगढ़ के गौरव पर खूनी सड़क का कलंक
चित्रकोट बस्तर का गौरव है। उसका खूब प्रचार-प्रसार देशभर में होता है लेकिन उसी प्रचार को देखकर जब पर्यटक जगदलपुर और धरमपुरा रोड पर पहुंचते होंगे तो उन्हें समझ आ जाता होगा कि प्रचार और हकीकत में कितना बड़ा अंतर है। बारिश के दिनों में इस वक्त बड़े पैमाने पर पर्यटक धरमपुरा रोड से चित्रकोट जा रहे हैं बावजूद इसके धरमपुरा रोड के हालात नहीं सुधर रहे हैं। पीडब्ल्यूडी के अफसरों और ठेकेदार की लापरवाही का खामियाजा आम शहरी के साथ ही बाहरी पर्यटक भी भुगत रहे हैं।






